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इन पांच तरीकों से दूर करें मांसपेशियों में कमजोरी की समसà¥à¤¯à¤¾, जरूर मिलेगा फायदा :-
अंडे खाà¤à¤‚
अंडा खाने से शरीर को ऊरà¥à¤œà¤¾ मिलती है और पोषण à¤à¥€ à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤°à¤¾ में मिलता है। इसमें विटामिन-à¤, विटामिन-बी2, पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ और फोलिक à¤à¤¸à¤¿à¤¡ जैसे कई पोषक ततà¥à¤µ होते हैं, जो शरीर और मांसपेशियों के लिठअचà¥à¤›à¥‡ होते हैं। अंडे का सेवन करने से मांसपेशियों में आई कमजोरी को ठीक करने में मदद मिलती है।
रोजाना वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करें
वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® बीमारियों को दूर à¤à¤—ाने के सरà¥à¤µà¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® उपायों में से à¤à¤• है। अगर आपको मांसपेशियों में कमजोरी की समसà¥à¤¯à¤¾ है, तो हफà¥à¤¤à¥‡ में कम से कम पांच दिन जरूर वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करें। इसमें चलना, दौड़ना या जॉगिंग और योग शामिल हैं। रोजाना आधे घंटे तक à¤à¤¸à¤¾ करने से कमजोर मांसपेशियों को मजबूती मिलती है।
विटामिन-डी से à¤à¤°à¤ªà¥‚र आहार लें
विटामिन-डी की कमी से मांसपेशियों में कमजोरी की समसà¥à¤¯à¤¾ हो सकती है। इसलिठयह जरूरी है कि आप शरीर में इसकी कमी न होने दें और सही मातà¥à¤°à¤¾ में विटामिन-डी लें। इससे शरीर में कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® की मातà¥à¤°à¤¾ को बनाठरखने में मदद मिलती है, जो मांसपेशियों को सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ बनाठरखने के लिठबहà¥à¤¤ ही जरूरी है।
परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ में पानी पिà¤à¤‚
शरीर में पानी की कमी से à¤à¥€ मांसपेशियों में कमजोरी हो सकती है, इसलिठरोजाना परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ में पानी पिà¤à¤‚, जिससे मांसपेशियों को मजबूती मिलती रहे। वैसे कहा जाता है कि रोजाना आठसे दस गिलास पानी पीना चाहिà¤, लेकिन कà¥à¤› विशेषजà¥à¤ž कहते हैं कि यह जरूरी नहीं है बलà¥à¤•ि आप अपनी जरूरत के हिसाब पानी पिà¤à¤‚, यानी आपके शरीर को जितने पानी की जरूरत है, उतना ही लें।
आंवले का सेवन करें
आंवले में कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤®, आयरन, विटामिन-बी और पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ à¤à¤°à¤ªà¥‚र मातà¥à¤°à¤¾ में पाठजाते हैं, मांसपेशियों को मजबूत करने में सहायक होते हैं। इसके अलावा आंवले में पà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक à¤à¤¨à¤¾à¤²à¥à¤œà¥‡à¤¸à¤¿à¤• होता है, जो कमजोर मांसपेशियों में होने वाले दरà¥à¤¦ से राहत दिलाता है।
मजबूती के लिठजरूरी à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ
हम जाने-अनजाने दो तरह की à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करते हैं। पहली सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤‚थन (ताकत लाने यानी à¤à¤¾à¤°à¥€ वजन उठाने के लिà¤) और दूसरी सà¥à¤Ÿà¥ˆà¤®à¤¿à¤¨à¤¾ (कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ाने यानी लगातार काम करने के लिà¤)। दोनों à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करने के तरीके à¤à¥€ अलग हैं और दोनों के मकसद à¤à¥€:
1. सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤‚थन à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ
अपनी मांसपेशियों की सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤‚थ बनाठरखने और उसे बढ़ाने के लिठहर दिन कम से कम 15 से 20 मिनट की à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ बहà¥à¤¤ जरूरी है। à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ में वजन उठाने वाली à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ, मसलन: डंबल उठाना, पà¥à¤²à¥ˆà¤‚क, पà¥à¤¶à¤…पà¥à¤¸ लगाना आदि। घरों में à¤à¤• चकà¥à¤•े वाली साइकल जो फिकà¥à¤¸à¥à¤¡ होती है, उससे à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ कर सकते हैं। जिसमें रेसिसà¥à¤Ÿà¥‡à¤‚ट बढ़ाकर जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ दम लगाना पड़ता है। उसे 15 मिनट तक चलाना। सच तो यह है कि ये à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ मसलà¥à¤¸ मास बढ़ाने में मददगार हैं। ये हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की मजबूती के लिठअहम हैं। इस तरह की à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ की जरूरत à¤à¤• मजबूत मांसपेशी के लिठहोती है। इसलिठइसे सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤‚थन à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ à¤à¥€ कहते हैं। सीधे कहें तो à¤à¤¸à¥€ à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ ही यह तय करती हैं कि हमारी वजन उठाने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ कितनी है। मान लें कि à¤à¤• शखà¥à¤¸ à¤à¤• बार में 30 किलो गà¥à¤°à¤¾à¤® वजन उठा सकता है और इसे 30 सेकंड से 1 मिनट के लिठहोलà¥à¤¡ कर सकता है। हम यह मान सकते हैं कि उस शखà¥à¤¸ की सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤‚थ 30 किलोगà¥à¤°à¤¾à¤® है। अगर कोई ये सब à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ नहीं करता है तो उसकी मांसपेशियां बढ़ती उमà¥à¤° के साथ कमजोर होती जाती हैं। उमà¥à¤° बढ़ने पर पैर, हाथों में दम महसूस होना बहà¥à¤¤ कम हो जाता है।
2. सà¥à¤Ÿà¥ˆà¤®à¤¿à¤¨à¤¾ à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ
कहते हैं कि जब तक पैर चलेंगे, सà¤à¥€ अंग सही तरीके से चलेंगे। मांसपेशी को लेकर à¤à¥€ यह बात सही है। पैर चलाने का मतलब पैर हिलाना नहीं है बलà¥à¤•ि हर दिन तेजी से पैर चलाने होंगे।
कà¥à¤¯à¤¾ करें: बà¥à¤°à¤¿à¤¸à¥à¤• वॉक करें। इसके लिठà¤à¤• मिनट में 90 कदम से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ चलें। कम से कम 40 मिनट à¤à¤¸à¤¾ ही करना होगा। कोई चाहे तो 30 मिनट की साइकà¥à¤²à¤¿à¤‚ग, 15 से 20 मिनट की सà¥à¤µà¤¿à¤®à¤¿à¤‚ग आदि को शामिल कर सकता है। इनमें सà¤à¥€ करना जरूरी नहीं, लेकिन à¤à¤• दो फिजिकल à¤à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µà¤¿à¤Ÿà¥€à¤œ को लगातार जारी रखने से हमारी मांसपेशी मजबूत होती जाती है। हमारी कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ बढ़ती है। हम दिनà¤à¤° जो काम करते रहते हैं वह इनà¥à¤¹à¥€à¤‚ हर दिन की à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ की वजह से। वहीं जब कोई शखà¥à¤¸ वॉकिंग के दौरान कà¥à¤› वजन पैरों में बांध ले तो वह सà¥à¤Ÿà¥ˆà¤®à¤¿à¤¨à¤¾ बढ़ाने के साथ सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤‚थन à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ à¤à¥€ हो जाती है।
योग à¤à¥€ अहम: इनके अलावा योगासन से बहà¥à¤¤ फायदा होता है। इनमें सूरà¥à¤¯ नमसà¥à¤•ार के 12 आसन खास तौर पर अहम हैं। इनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ 2 से 3 सेट में हर दिन न à¤à¥€ हो तो हफà¥à¤¤à¥‡ में 5 दिन जरूर करें।
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